कर्मचारियों के लिए होने जा रहा कुछ बड़ा, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय 2 दिन तक करेगा ये प्लानिंग

- सुधारों का उद्देश्य एमएसएमई और स्टार्ट-अप सहित उद्योग के विकास को सुविधाजनक बनाना है।
- केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया नई दिल्ली में राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के श्रम मंत्रियों एवं सचिवों के साथ राष्ट्रीय सम्मेलन की अध्यक्षता करेंगे।
- श्रम सुधारों, कार्यबल के लिए सामाजिक सुरक्षा उपायों, राष्ट्रीय कैरियर सेवा (एनसीएस) पोर्टल और मॉडल करियर केंद्रों से रोजगार क्षमता में सुधार लाने पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
सूचनाजी न्यूज, दिल्ली। केंद्रीय श्रम एवं रोजगार और युवा मामले एवं खेल मंत्री, डॉ मनसुख मांडविया (Union Minister of Labour & Employment and Youth Affairs & Sports, Dr Mansukh Mandaviya) 29-30 जनवरी को नई दिल्ली में दो दिवसीय “राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के श्रम मंत्रियों एवं सचिवों के साथ राष्ट्रीय सम्मेलन” की अध्यक्षता करेंगे।
ये खबर भी पढ़ें: SAIL SC-ST इम्प्लाइज फेडरेशन बोकारो यूनिट के पदाधिकारियों को BSP ED HR पवन कुमार का खास मंत्र, पढ़ें डिटेल
इस बैठक में श्रम एवं रोजगार और सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे भी शामिल होंगी और सुमिता डावरा, सचिव (श्रम एवं रोजगार मंत्रालय) विचार-विमर्श के लिए विषय निर्धारित करेंगी।
ये खबर भी पढ़ें: कोल इंडिया लिमिटेड: डब्ल्यूसीएल में हैप्पी स्कूल परियोजना शुरू
इस राष्ट्रीय बैठक का आयोजन श्रम एवं रोजगार मंत्रालय (Ministry of Labour & Employment) द्वारा श्रम सुधारों, गिग और प्लेटफॉर्म श्रमिकों सहित संगठित एवं असंगठित श्रमिकों के लिए सामाजिक सुरक्षा, ईएसआईसी चिकित्सा अवसंरचना और स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार करने, राष्ट्रीय करियर सेवा (एनसीएस) पोर्टल और मॉडल करियर केंद्रों (एमसीसी) के माध्यम से रोजगार में सुधार लाने के लिए सभी 36 राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के साथ सहयोग को मजबूत करने के लिए किया जा रहा है।
ये खबर भी पढ़ें: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री भारतरत्न कर्पूरी ठाकुर की जयंती मनी भिलाई में, चाहने वालों का मेला
इसमें प्रमुख श्रम एवं रोजगार के मुद्दों पर अंतर्दृष्टि प्रदान करने के साथ-साथ, अनुभवों और सर्वोत्तम प्रथाओं का भी आदान-प्रदान किया जाएगा, जिसमें श्रम संहिताओं के अंतर्गत केंद्र सरकार, राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मसौदा नियमों को सुसंगत बनाना, श्रम संहिताओं की भावना के अनुरूप मौजूदा संरचना के अंतर्गत राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा किए जा रहे श्रम सुधार शामिल हैं। राज्य और केंद्र शासित प्रदेश अपने द्वारा किए गए सुधार पहलों को प्रदर्शित करेंगे।
ये खबर भी पढ़ें: Rourkela Steel Plant: कोक ओवन बैटरी 7 के लिए भूमिपूजन, L&T व जर्मन कंपनी करेगी काम
बैठक का उद्देश्य निरीक्षक की भूमिका को निरीक्षक-सह-सुविधाकर्ता बनाने के लिए हितधारकों में क्षमता निर्माण करना भी है। इन सुधारों का उद्देश्य एमएसएमई और स्टार्ट-अप सहित उद्योग के विकास को सुविधाजनक बनाना है, जिससे व्यापार करने में आसानी के माध्यम से गुणवत्ता रोजगार सृजन को बढ़ावा दिया जा सके, साथ ही श्रम कल्याण एवं महिला कार्यबल भागीदारी आदि को बढ़ावा दिया जा सके।
ये खबर भी पढ़ें: राउरकेला स्टील प्लांट के 2300 लोगों ने लगाई दौड़, DIC ने लगाया चक्कर, मस्ती में सब झूमे
बैठक का मुख्य उद्देश्य श्रमिकों एवं नियोक्ताओं दोनों को लाभान्वित करने के उद्देश्य से सुधारों के लिए एक सुव्यवस्थित और सुसंगत कानूनी एवं प्रशासनिक संरचना का निर्माण करने के लिए केंद्र सरकार, राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के प्रयासों में तेजी लाना है।
ये खबर भी पढ़ें: SAIL Foundation Day 2025: भिलाई स्टील प्लांट के 65 कर्मचारियों-अधिकारियों को मिला दीर्घ सेवा सम्मान
The post कर्मचारियों के लिए होने जा रहा कुछ बड़ा, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय 2 दिन तक करेगा ये प्लानिंग appeared first on Suchnaji.


