बेरला क्षेत्र में सट्टेबाजी का जाल, कार्रवाई पर उठ रहे सवाल

बेमेतरा/बेरला। पुलिस अनुविभागीय मुख्यालय बेरला के अंतर्गत इन दिनों अवैध सट्टा कारोबार तेजी से फैलता नजर आ रहा है। हालात ऐसे हैं कि नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक कई स्थानों पर प्रतिदिन लाखों रुपये का दांव लगाया जा रहा है। प्रशासन की सख्ती के दावों के बावजूद इस अवैध नेटवर्क पर प्रभावी नियंत्रण नहीं दिख रहा है।
युवाओं पर बढ़ता असर, सामाजिक माहौल प्रभावित
इस सट्टेबाजी के जाल में सबसे अधिक युवा वर्ग फंसता जा रहा है। जल्दी पैसा कमाने की चाह में वे अपना समय और धन इस अवैध गतिविधि में गंवा रहे हैं। इससे न केवल उनका भविष्य प्रभावित हो रहा है, बल्कि क्षेत्र का सामाजिक वातावरण भी धीरे-धीरे दूषित होता जा रहा है।
कार्रवाई पर सवाल, बड़े संचालक अब भी पकड़ से दूर
स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस और साइबर टीम की कार्रवाई केवल औपचारिकता तक सीमित रह जाती है। छोटे स्तर पर कार्रवाई जरूर होती है, लेकिन मुख्य संचालक अब भी गिरफ्त से बाहर हैं, जिससे उनके हौसले और बुलंद हो रहे हैं।
प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर उठे गंभीर सवाल
नगर बेरला और आसपास के गांवों में शाम होते ही सट्टेबाज सक्रिय हो जाते हैं। पुलिस अनुविभागीय कार्यालय के आसपास इस तरह की गतिविधियों का जारी रहना प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर रहा है। चर्चा है कि आखिर किन परिस्थितियों में यह अवैध कारोबार लगातार फल-फूल रहा है।
ग्रामीणों की मांग—सख्त कार्रवाई हो
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि सट्टेबाजी पर रोक लगाने के लिए ठोस और सख्त कदम उठाए जाएं। उनका कहना है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो क्षेत्र की छवि पर और नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में कितनी गंभीरता दिखाता है।



