ओडिशा से लाकर खदान बस्ती में बेच रहा था प्रतिबंधित नशीली दवाएं, टैबलेट के साथ नाबालिग गिरफ्तार; 4.80 लाख की दवा जब्त
रायपुर : राजधानी रायपुर में नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ कमिश्नरेट पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने 1200 प्रतिबंधित नाइट्राजेपम (नाइट्रोसन-10) टैबलेट के साथ एक नाबालिग को पकड़ा है। जब्त दवाओं की कीमत करीब 4 लाख 80 हजार रुपये बताई गई है। आरोपी बालक बस्ती में इन नशीली टैबलेट को बेचने के लिए ग्राहक तलाश रहा था।
पुलिस के मुताबिक, 23 अक्टूबर 2026 को एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट को सूचना मिली थी कि डी.डी. नगर थाना क्षेत्र के डंगनिया स्थित खदान बस्ती में एक युवक प्रतिबंधित नशीली टैबलेट बेचने के लिए ग्राहक तलाश रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए DCP क्राइम एवं साइबर और DCP पश्चिम जोन के निर्देश पर तत्काल कार्रवाई की गई।
इसके बाद एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट, एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और डी.डी. नगर थाना पुलिस की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने संदिग्ध युवक की पहचान कर घेराबंदी की और उसे पकड़ लिया। जांच में पता चला कि आरोपी विधि से संघर्षरत बालक है।
पुलिस ने नाबालिग के पास मौजूद थैले की तलाशी ली तो उसमें अलग-अलग स्ट्रिप में रखी 1200 नाइट्राजेपम (नाइट्रोसन-10) टैबलेट बरामद हुईं। पुलिस ने जब उससे दवाओं को रखने और बेचने से संबंधित वैध दस्तावेज मांगे, तो वह कोई दस्तावेज पेश नहीं कर सका। शुरुआती पूछताछ में बालक ने बताया कि वह ये टैबलेट ओडिशा से लेकर आया था।
पुलिस ने करीब 4.80 लाख रुपये कीमत की सभी टैबलेट जब्त कर आरोपी के खिलाफ थाना डी.डी. नगर में एनडीपीएस एक्ट की धारा 22(सी) के तहत अपराध दर्ज कर कार्रवाई की है।
मामले में पुलिस अब नशीली टैबलेट की खरीद, परिवहन और अवैध बिक्री से जुड़े पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है। यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि ओडिशा में इन दवाओं की आपूर्ति किसने की और रायपुर में इन्हें किन लोगों तक पहुंचाया जाना था।
पुलिस बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज खंगाल रही है। जांच में जिन अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आएगी, उनके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।



