
छत्तीसगढ़ शासन बजट 2026-27
मिशन वात्सल्य योजना
₹ 80 करोड़ का प्रावधान#छत्तीसगढ़_SANKALP_बजट pic.twitter.com/w8ZfJuUsEb
— Vishnu Deo Sai (@vishnudsai) February 24, 2026
रायपुर। छत्तीसगढ़ में महिला एवं बाल विकास विभाग के तहत बजट में मातृशक्ति और बाल कल्याण को सशक्त बनाने के लिए व्यापक प्रावधान किए गए हैं।
महतारी वंदन योजना, आंगनबाड़ी संचालन, पूरक पोषण और कुपोषण मुक्ति कार्यक्रमों के लिए बड़ी राशि निर्धारित की गई है।
साथ ही महतारी सदन निर्माण, नए आंगनबाड़ी केंद्रों की स्थापना और मातृत्व योजनाओं के विस्तार पर जोर दिया गया है।
इसके अतिरिक्त नई रानी दुर्गावती योजना के माध्यम से बालिकाओं को 18 वर्ष की आयु पर आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने का प्रावधान भी शामिल है, जिससे बेटियों के भविष्य को सुरक्षित और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कदम बढ़ाया गया है।
महिला एवं बाल विकास विभाग के लिए विशेष प्रावधान
महतारी वंदन योजना बजट में 8200 करोड़ रूपए का प्रावधान
250 महतारी सदन निर्माण के लिए 75 करोड़ रूपए का प्रावधान
प्रदेश की आंगनबाड़ियों के संचालन के लिए 800 करोड़ रूपए का प्रावधान, इसमें से पूरक पोषण आहार योजना के लिए 650 करोड़ तथा कुपोषण मुक्ति योजनाआंे के लिए 235 करोड़ रूपए का प्रावधान
शहरी क्षेत्रों में 250 तथा ग्रामीण क्षेत्रों में अभिसरण के माध्यम से 500 आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण के लिए 42 करोड़ रूपए का प्रावधान
प्रधानमंत्री मातृवंदन योजना के तहत 120 करोड़ तथा मिशन वात्सल्य योजना के लिए 80 करोड़ रूपए का प्रावधान
नई योजना
रानी दुर्गावती योजना:- मोदी की गारंटी में बालिकाओं के जन्म होने पर उन्हें गरिमामयी आर्थिक सुरक्षा प्रदान का वादा किया गया था। जिसके तहत इस बजट में रानी दुर्गावती योजना प्रारंभ करने जा रहे हैं। इस योजना में नोनी के 18 वर्ष पूरा होने पर उसे 1.5 लाख रूपए दिया जायेगा इसके लिए 15 करोड़ रूपए का प्रावधान



