डॉ. हेमंत बडवाईक ने बढ़ाया छत्तीसगढ़ का मान, विश्व के शीर्ष 2% वैज्ञानिकों में बनाई जगह

भिलाई। स्थानीय श्री शंकराचार्य प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी की उपलब्धियों मेंएक और कड़ी जुड़ गई जब फार्मेसी के प्राध्यापक डॉ. हेमंत रामचंद्र बडवाईक को स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी और एल्सेवियर के संयुक्त सहयोग से जारी विश्व के शीर्ष 2% वैज्ञानिकों की 2026 की प्रतिष्ठित सूची में स्थान मिला है।
डॉ. बडवाईक का शोध कार्य पॉलिमर रसायन, प्राकृतिक उत्पाद रसायन तथा पॉलिमेरिक औषधि वितरण प्रणालियों के विकास जैसे क्षेत्रों में केंद्रित है। उन्होंने औषधि विज्ञान के क्षेत्र में महत्वपूर्ण शोध योगदान दिया है। इस वैश्विक रैंकिंग में उनका शामिल होना उनके प्रभावशाली शोध कार्य, वैज्ञानिक प्रकाशनों तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्राप्त शोध उद्धरणों की महत्वपूर्ण पहचान है।डॉ हेमंत बडवाइक की किताबें फार्मेसी के देशभर के विद्यार्थी पढ़ते हैं।
डॉ. बडवाईक की इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर श्री शंकराचार्य प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के कुलाधिपति श्री आई.पी. मिश्रा ने उन्हें बधाई देते हुए कहा, “यह विश्वविद्यालय और पूरे राज्य के लिए गर्व का क्षण है। शोध एवं नवाचार के प्रति डॉ. बडवाईक का समर्पण शिक्षकों और विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायक है। विश्व के शीर्ष वैज्ञानिकों में उनकी पहचान युवा शोधकर्ताओं को उत्कृष्टता की दिशा में आगे बढ़ने के लिए और अधिक प्रेरित करेगी।”
कुलपति डॉ. स्मिता सेलट ने कहा, “यह उपलब्धि न केवल श्री शंकराचार्य प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के लिए गौरव की बात है, बल्कि यह मध्य भारत में गुणवत्तापूर्ण शोध एवं अकादमिक उत्कृष्टता के केंद्र के रूप में विश्वविद्यालय को स्थापित करती है।” उन्होंने फार्मेसी के क्षेत्र में हो रहे नवीन अनुसन्धान की चर्चा करते हुए कहा कि हमारे शिक्षक और विद्यार्थी भी विश्वस्तरीय शोध कार्य में कहीं पीछे नहीं हैं। इस तरह की उपलब्धि नई पीढ़ी को प्रोत्साहित करती है। कुलसचिव डॉ वैभव तिवारी ने भी सराहना करते हुए बधाई दी है।इस अवसर पर विश्वविद्यालय परिवार ने प्रसन्नता व्यक्त की है।



