
मंत्रिपरिषद के निर्णय
राज्यपाल के अभिभाषण, विनियोग विधेयक को मंजूरी; किसानों को होली से पहले 10 हजार करोड़ का भुगतान
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में आगामी विधानसभा सत्र, बजट प्रस्तुतिकरण और किसानों से जुड़े अहम मुद्दों पर मुहर लगाई गई।
1. राज्यपाल के अभिभाषण को मंजूरी
मंत्रिपरिषद ने छत्तीसगढ़ की षष्ठम् विधानसभा के अष्टम् सत्र (फरवरी–मार्च 2026) के लिए माननीय राज्यपाल के अभिभाषण के प्रारूप का अनुमोदन किया। यह अभिभाषण आगामी सत्र की कार्यवाही की दिशा तय करेगा।
2. विनियोग विधेयक-2026 के प्रारूप को स्वीकृति
कैबिनेट ने बजट अनुमान वर्ष 2026-27 को विधानसभा में प्रस्तुत करने के लिए छत्तीसगढ़ विनियोग विधेयक-2026 के प्रारूप को मंजूरी दी। इससे आगामी वित्तीय वर्ष के लिए राज्य सरकार के राजकोषीय प्रावधानों का मार्ग प्रशस्त हुआ है।
3. किसानों को होली से पहले 10 हजार करोड़ रुपये का भुगतान
मंत्रिपरिषद ने राज्य के किसानों के हित में एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले किसानों को 3100 रुपये प्रति क्विंटल के मान से अंतर की राशि होली पर्व से पहले एकमुश्त भुगतान करने का निर्णय लिया है।
खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में राज्य के 25 लाख 24 हजार 339 किसानों से 141.04 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की गई है। कृषक उन्नति योजना के अंतर्गत धान के मूल्य के अंतर की राशि के रूप में लगभग 10 हजार करोड़ रुपये का भुगतान होली से पूर्व किया जाएगा।
देश में सर्वाधिक समर्थन मूल्य
उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार कृषक उन्नति योजना के तहत प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान की खरीदी 3100 रुपये प्रति क्विंटल के मान से कर रही है, जिसे देश में सर्वाधिक बताया जा रहा है। बीते दो वर्षों में इस योजना के तहत किसानों को धान के मूल्य अंतर के रूप में 25 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि का भुगतान किया जा चुका है।
होली से पूर्व 10 हजार करोड़ रुपये के भुगतान के बाद यह कुल राशि बढ़कर 35 हजार करोड़ रुपये से अधिक हो जाएगी।
राज्य सरकार के इस निर्णय को किसानों की आय सुदृढ़ करने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।



